पाटन। “अन्नदाताओं का सम्मान — समृद्ध राष्ट्र का निर्माण” की भावना को साकार करते हुए शनिवार को कृषि विज्ञान केंद्र, पाहंदा (पाटन) में एक भव्य आयोजन संपन्न हुआ। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से देशभर के करोड़ों किसानों को समर्पित ₹42,000 करोड़ से अधिक की कृषि परियोजनाओं का शुभारंभ और शिलान्यास किया।।प्रधानमंत्री द्वारा प्रारंभ की गई योजनाओं का उद्देश्य कृषि क्षेत्र का आधुनिकीकरण, किसानों की आय में वृद्धि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई दिशा देना है। इस अवसर पर दुर्ग लोकसभा सांसद विजय बघेल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री मोदी का यह ऐतिहासिक कदम ग्रामीण भारत के पुनर्जागरण का सूत्रपात है। यह कार्यक्रम देश के हर अन्नदाता के परिश्रम को सम्मानित करने के साथ ही भारत को आत्मनिर्भर कृषि राष्ट्र बनाने की दिशा में मील का पत्थर सिद्ध होगा।
प्रधानमंत्री द्वारा आरंभ की गई प्रमुख योजनाएँ —
पीएम धन–धान्य कृषि योजना — आधुनिक तकनीक के माध्यम से उत्पादकता बढ़ाने और किसानों की आमदनी में वृद्धि हेतु। दलहन आत्मनिर्भरता मिशन — देश को दलहन उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में ऐतिहासिक पहल। कृषि अवसंरचना कोष परियोजनाएँ — पशुपालन, मत्स्य पालन एवं खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र की 1100 से अधिक परियोजनाओं का शुभारंभ, जिससे ग्रामीण युवाओं को रोजगार और मूल्य संवर्धन के अवसर प्राप्त होंगे।
कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों और किसानों की बड़ी भागीदारी
कार्यक्रम में जनपद अध्यक्ष कीर्ति नायक, सभापति नीलम चंद्राकर एवं राजेश चंद्राकर, जनपद उपाध्यक्ष कमलेश वर्मा, मंडल अध्यक्ष कमलेश चंद्राकर, विनायक ताम्रकार,भाजपा जिला उपाध्यक्ष हर्षा लोकमणी चंद्राकर, सांसद प्रतिनिधि राजा पाठक, सरपंच इशरावती ठाकुर सहित क्षेत्र के अनेक जनप्रतिनिधि, कृषि वैज्ञानिक और हजारों किसान उपस्थित रहे। सभी ने प्रधानमंत्री की इस पहल का स्वागत करते हुए इसे “किसानों के स्वर्ण युग” की शुरुआत बताया।