छत्तीसगढ़ में मौसम का बड़ा अलर्ट! बंगाल की खाड़ी का डीप डिप्रेशन सक्रिय, 48 घंटे भारी बारिश और तेज हवाओं का खतरा

छत्तीसगढ़ में मौसम का बड़ा अलर्ट! बंगाल की खाड़ी का डीप डिप्रेशन सक्रिय, 48 घंटे भारी बारिश और तेज हवाओं का खतरा

रायपुर। छत्तीसगढ़ में एक बार फिर मौसम का मिजाज तेजी से बदलने वाला है। बंगाल की खाड़ी में सक्रिय डिप्रेशन अब डीप डिप्रेशन में तब्दील हो गया है और इसके प्रभाव से प्रदेश के दक्षिणी तथा मैदानी इलाकों में अगले 48 घंटे मौसम खराब रहने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार यह मौसम तंत्र 23 सितंबर की रात तक उत्तर आंध्र प्रदेश और दक्षिण ओडिशा के तट के बीच से गुजर सकता है।

दक्षिण छत्तीसगढ़ में ज्यादा असर की संभावना

मौसम प्रणाली के प्रभाव से बस्तर संभाग के कई जिलों में भारी से अति भारी बारिश, गरज-चमक और वज्रपात की स्थिति बन सकती है। सुकमा, बीजापुर, दंतेवाड़ा, बस्तर और कोंडागांव जैसे इलाकों में विशेष सतर्कता की जरूरत बताई गई है। तेज हवाओं के साथ बारिश होने से निचले इलाकों में जलभराव और सामान्य जनजीवन प्रभावित होने की आशंका भी बनी हुई है।

60 किलोमीटर प्रति घंटे तक चल सकती हैं हवाएं

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक मौसम तंत्र के प्रभाव से कुछ क्षेत्रों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। गरज-चमक के दौरान बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए लोगों को खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे जाने से बचने की सलाह दी गई है।

रायपुर समेत इन जिलों में भी बारिश का असर

राजधानी रायपुर सहित धमतरी, बालोद, राजनांदगांव, गरियाबंद, महासमुंद, बलौदाबाजार, दुर्ग, बेमेतरा, बिलासपुर, जांजगीर-चांपा, रायगढ़, नारायणपुर और कांकेर में भी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का असर देखने को मिल सकता है। मौसम केंद्र रायपुर की जिलावार चेतावनी में 23 से 26 सितंबर के लिए अलग-अलग क्षेत्रों में मौसम संबंधी चेतावनियां जारी की गई हैं। राजधानी रायपुर में भी बादल छाए रहने तथा कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है। ऐसे में मौसम के अचानक बदलते मिजाज को देखते हुए नागरिकों को सतर्क रहने की जरूरत है।

क्या कहते हैं मौसम के ताजा संकेत?

बंगाल की खाड़ी में बना डीप डिप्रेशन पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है। IMD के समुद्री मौसम बुलेटिन के अनुसार 22 सितंबर की शाम यह आंध्र प्रदेश के कलिंगपट्टनम से करीब 140 किलोमीटर और गोपालपुर से करीब 150 किलोमीटर दक्षिण-पूर्व में केंद्रित था तथा 23 सितंबर की रात तक तट पार करने की संभावना जताई गई थी।

मौसम विभाग के अलर्ट को देखते हुए लोगों से अपील है कि तेज बारिश, आंधी और वज्रपात के दौरान अनावश्यक रूप से घर से बाहर निकलने से बचें तथा स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों पर नजर बनाए रखें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *