रायपुर। कलेक्टर गाइडलाइन दरों में बड़ी वृद्धि के फैसले पर सूबे की राजनीति में फिर उबाल आ गया है। भाजपा के वरिष्ठ नेता और सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर इस निर्णय को तत्काल स्थगित करने की मांग की है।
अग्रवाल ने अपने पत्र में स्पष्ट कहा है कि गाइडलाइन दरों में की गई यह भारी वृद्धि बिना जनपरामर्श और बिना वास्तविक मूल्यांकन के की गई है, जिससे किसान, व्यापारी और मध्यमवर्ग की आर्थिक स्थिति पर सीधा बोझ पड़ेगा। उन्होंने दावा किया कि लाभांडी और निमोरा जैसे गांवों में क्रमशः 725% और 888% तक की बढ़ोतरी जनभावनाओं के विपरीत है। उन्होंने कहा कि नवा रायपुर के ग्रामीण क्षेत्रों को नगरीय दायरे में शामिल करने से पहले बुनियादी सुविधाओं का विस्तार न होना भी अनुचित है। सांसद ने यह भी स्पष्ट किया कि भूमि अधिग्रहण में अधिक मुआवजा मिलने का दावा भ्रामक है, क्योंकि इससे केवल 1% किसान ही लाभान्वित होंगे, जबकि 99% जनता पर आर्थिक बोझ बढ़ जाएगा।
इस मुद्दे पर कांग्रेस पहले से सड़कों पर उतरकर विरोध कर रही है, वहीं जमीन कारोबारी भी सरकार के फैसले के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। अब बृजमोहन अग्रवाल के ‘लेटर बम’ से यह मामला और गरमाने के संकेत मिल रहे हैं।
उन्होंने अंत में पंजीयन शुल्क को 4% से घटाकर 0.8% करने की भी मांग की है।