
धमतरी जनसुनवाई में पहली पत्नी की पुत्री को राहत, जिला शिक्षा अधिकारी कांकेर को आयोग का निर्देश
धमतरी। छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की जनसुनवाई में दिवंगत शासकीय शिक्षक की बेटी को बड़ी राहत मिली है। आयोग ने जिला शिक्षा अधिकारी, कांकेर को दो माह के भीतर अनुकंपा नियुक्ति देने की प्रक्रिया पूरी कर कार्रवाई रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। मामला दिवंगत शिक्षक की पहली पत्नी की पुत्री से जुड़ा है, जिसने पिता के निधन के बाद अनुकंपा नियुक्ति की मांग की थी। सुनवाई के दौरान आयोग ने पाया कि शिक्षक की मृत्यु के बाद सौतेली मां को पारिवारिक पेंशन का लाभ मिल रहा है, जबकि बेटी और उसकी वृद्ध दादी के सामने आजीविका का कोई स्थायी साधन नहीं है।
मानवीय आधार पर निर्णय लेते हुए राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. किरणमयी नायक, प्रभारी सदस्य दीपिका सोरी तथा सह-प्रभारी सदस्य सरला कोसरिया ने जिला शिक्षा अधिकारी को दो माह के भीतर नियुक्ति प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए। साथ ही महिला संरक्षण अधिकारी को पूरे मामले की निगरानी कर आयोग को नियमित रिपोर्ट प्रस्तुत करने की जिम्मेदारी भी सौंपी गई। शुक्रवार को धमतरी कलेक्टोरेट में आयोजित जनसुनवाई में महिला उत्पीड़न से जुड़े 32 मामलों की सुनवाई हुई। कई मामलों का आपसी सहमति से समाधान किया गया, जबकि अन्य मामलों में संबंधित विभागों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
जनसुनवाई के दौरान आयोग ने अन्य मामलों में भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए। एक मामले में महिला को 3 लाख रुपये की एकमुश्त सहायता देने पर सहमति बनी, जबकि दूसरे मामले में पति की मृत्यु के बाद आर्थिक संकट झेल रही महिला को प्रतिमाह 10 हजार रुपये भरण-पोषण, विवाह में दिए गए सामान और आभूषण वापस दिलाने के निर्देश जारी किए गए। इसके अलावा घरेलू हिंसा, बच्चों के भरण-पोषण और संपत्ति विवाद से जुड़े मामलों में भी आवश्यक कार्रवाई के आदेश दिए गए।