YC न्यूज़ डेस्क। गुजरात की राजनीति में गुरुवार को बड़ा उलटफेर देखने को मिला। भारतीय जनता पार्टी शासित राज्य सरकार में शामिल सभी 16 मंत्रियों ने मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल को अपना इस्तीफा सौंप दिया। यह इस्तीफे मुख्यमंत्री आवास पर बुलाई गई अहम बैठक के बाद दिए गए, जिसमें मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और सभी मंत्री मौजूद थे। सूत्रों के अनुसार, इस्तीफे पहले से ही तैयार थे और बैठक में मंत्रियों ने सामूहिक रूप से उन पर हस्ताक्षर कर दिए। इस्तीफे अब राज्यपाल को सौंपे जाएंगे। बताया जा रहा है कि गुजरात में मंत्रिमंडल विस्तार की प्रक्रिया अंतिम चरण में पहुंच चुकी है, और इसी के तहत यह सामूहिक इस्तीफा लिया गया है।
राजनीतिक हलचल की शुरुआत तब हुई जब भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष जगदीश विश्वकर्मा ने अपना इस्तीफा दिया, जिसके बाद क्रमशः सभी मंत्रियों ने भी पद छोड़ दिए। हालांकि मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने मंत्रियों से इस्तीफा मांगा नहीं था, लेकिन पार्टी नेतृत्व के निर्देश पर सामूहिक निर्णय लिया गया। अब राज्य की सियासत में सबसे बड़ा सवाल नए मंत्रिमंडल की घोषणा को लेकर है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि नए मंत्रिमंडल का शपथ ग्रहण समारोह शुक्रवार, 17 अक्टूबर को गांधीनगर के महात्मा मंदिर में आयोजित होगा। राज्य में अचानक हुए इस बड़े राजनीतिक घटनाक्रम ने सियासी गलियारों में हलचल मचा दी है। अब सबकी निगाहें भाजपा के नए चेहरे और टीम पर टिकी हैं, जो 2027 के विधानसभा चुनावों की दिशा तय करेगी।