रायपुर। छत्तीसगढ़ समेत देशभर में अगले सप्ताह बैंकिंग सेवाएं लगातार कई दिनों तक प्रभावित हो सकती हैं। 28 से 30 सितंबर तक बैंक कर्मचारियों की देशव्यापी हड़ताल प्रस्तावित है। इसके बाद 2 अक्टूबर को गांधी जयंती और फिर शनिवार-रविवार की छुट्टी होने के कारण बैंकिंग कामकाज पर लगातार असर पड़ सकता है। ऐसे में ग्राहकों के लिए जरूरी है कि वे नकद निकासी, चेक जमा, बैंक दस्तावेज, लोन संबंधी काम और अन्य जरूरी शाखा सेवाओं से जुड़े काम 27 सितंबर तक निपटा लें।
27 सितंबर को रविवार, फिर भी खुली रहेंगी बैंक शाखाएं
रविवार 27 सितंबर को बैंक शाखाओं को सामान्य रूप से संचालित रखने की व्यवस्था की गई है। RBI के निर्देश के अनुसार बैंक शाखाओं, कार्यालयों, ATM से जुड़ी सेवाओं और करेंसी चेस्ट को इस दिन चालू रखने की अनुमति दी गई है। बैंक अपने ग्राहकों को SMS और अन्य माध्यमों से जरूरी बैंकिंग कार्य पहले ही पूरा करने की सलाह दे रहे हैं।
28 से 30 सितंबर तक देशव्यापी हड़ताल
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) ने 28 से 30 सितंबर तक तीन दिवसीय देशव्यापी हड़ताल का आह्वान किया है। इसका असर सरकारी बैंकों के साथ क्षेत्रीय ग्रामीण और सहकारी बैंकों की शाखाओं पर भी पड़ सकता है। केंद्र स्तर पर मुख्य श्रम आयुक्त के साथ हुई बैठक में समाधान नहीं निकलने के बाद यूनियनों ने हड़ताल जारी रखने का निर्णय लिया है।
बैंकिंग सेवाएं प्रभावित होने से कारोबार पर असर की आशंका
बैंकिंग सेवाओं में व्यवधान का असर कारोबार पर भी पड़ सकता है। कारोबारियों के अनुसार कई दिनों तक बैंकिंग गतिविधियां प्रभावित रहने से RTGS, NEFT, चेक क्लीयरेंस, नकद निकासी और अन्य भुगतान के सेटलमेंट में देरी हो सकती है। स्टील, माइनिंग, फार्मास्यूटिकल्स, पेट्रोलियम, ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, मशीनरी, इलेक्ट्रिकल, रिटेल और होलसेल जैसे बैंकिंग लेन-देन पर निर्भर क्षेत्रों में भी भुगतान प्रक्रिया प्रभावित होने की आशंका है।
ATM और डिजिटल बैंकिंग का कर सकते हैं इस्तेमाल
हड़ताल के दौरान ATM से नकद निकासी की सुविधा उपलब्ध रहने की उम्मीद है, हालांकि कुछ स्थानों पर नकदी उपलब्धता स्थानीय परिस्थितियों पर निर्भर कर सकती है। ग्राहक UPI, मोबाइल बैंकिंग, इंटरनेट बैंकिंग, NEFT और RTGS जैसी डिजिटल सुविधाओं का इस्तेमाल कर सकते हैं। वहीं चेक क्लीयरेंस, कैश डिपॉजिट और फिजिकल डॉक्यूमेंटेशन जैसे शाखा-आधारित कार्यों में देरी हो सकती है।
5-डे वर्किंग की मांग को लेकर बैंक यूनियनों का आंदोलन
बैंक यूनियन लंबे समय से हफ्ते में पांच दिन काम की व्यवस्था लागू करने की मांग कर रही हैं। यूनियनों का कहना है कि मार्च 2024 के बाइलेटरल वेज रिवीजन एग्रीमेंट के तहत 5-डे बैंकिंग को लेकर सहमति बनी थी, लेकिन इसे अभी तक लागू नहीं किया गया है। यूनियनें सभी शनिवार को छुट्टी घोषित कर सोमवार से शुक्रवार तक बैंकिंग कामकाज की व्यवस्था लागू करने की मांग कर रही हैं। इसके बदले रोजाना काम के समय में अतिरिक्त समय देने का प्रस्ताव भी रखा गया है।
11 सितंबर को भी हुई थी एक दिन की हड़ताल
बैंक यूनियनों ने इससे पहले 11 सितंबर को एक दिन की हड़ताल की थी। मांगें पूरी नहीं होने पर यूनियनों की ओर से 26 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी भी दी गई है।
ग्राहकों के लिए जरूरी तारीखें
- 27 सितंबर, रविवार: बैंक शाखाएं सामान्य रूप से खुली रहेंगी।
- 28 सितंबर: देशव्यापी बैंक हड़ताल।
- 29 सितंबर: बैंक हड़ताल।
- 30 सितंबर: बैंक हड़ताल।
- 1 अक्टूबर: बैंकिंग कामकाज सामान्य रूप से शुरू होने की संभावना।
- 2 अक्टूबर: गांधी जयंती पर बैंक अवकाश।
- इसके बाद शनिवार-रविवार: वीकेंड अवकाश।
सलाह: शाखा से जुड़े जरूरी काम, पर्याप्त नकदी की व्यवस्था और महत्वपूर्ण भुगतान समय रहते निपटा लें। डिजिटल बैंकिंग सेवाओं के लिए अपने बैंक के ऐप और इंटरनेट बैंकिंग का इस्तेमाल किया जा सकता है।