दुर्ग! महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के तहत काम करने वाले मजदूरों के लिए अच्छी खबर आई है। सरकार ने उनकी दिहाड़ी में 18 रुपये की वृद्धि की है, जिससे अब मजदूरों को 1 अप्रैल 2025 से 261 रुपये प्रतिदिन मिलेंगे।
यह वृद्धि ग्रामीण श्रमिकों के लिए राहत लेकर आई है, क्योंकि महंगाई के चलते उनकी आर्थिक स्थिति पर दबाव बढ़ रहा था। मजदूरी बढ़ने से उन्हें अपनी आजीविका सुधारने में सहायता मिलेगी और ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के प्रति रुचि भी बढ़ेगी।
उल्लेखनीय है कि मनरेगा के तहत सरकार हर वर्ष मजदूरी दर की समीक्षा करती है और श्रमिकों के हित में संशोधन करती है। इस फैसले से लाखों मजदूरों को सीधा लाभ मिलेगा, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। ग्रामीण विकास और रोजगार को बढ़ावा देने के इस कदम से मजदूरों में खुशी की लहर दौड़ गई है।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत बजरंग कुमार दुबे बताया कि जॉब कार्डधारी परिवारों तक सही सही जानकारी पहुंचाने के उद्देश्य से एवं आधार वेरीफिकेशन कार्य को पूर्ण हो गया है। साथ ही केन्द्रीय सरकार ग्रामीण मंत्रालय द्वारा 1 अप्रैल से 261 रुपए मिलेगी। 27 मार्च 2025 भारत सरकार राजपत्र द्वारा महात्मा गांधी मनरेगा की मजदूरी 261 रुपए श्रमिकों की बैंक खाते में पैसा आ रहा है। वर्तमान में मनरेगा मजदूरी भुगतान जिले में एबीपीएस आधारित भुगतान किया जा रहा है।