
दुर्ग। जिले में पेट्रोल एवं डीजल की पर्याप्त उपलब्धता होने के बावजूद अफवाहों के चलते उपभोक्ताओं द्वारा अचानक अधिक मात्रा में ईंधन खरीदे जाने से कुछ पेट्रोल पंपों पर अस्थायी दबाव की स्थिति निर्मित हो गई। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में पेट्रोल-डीजल का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और आम नागरिकों को किसी प्रकार की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है।खाद्य विभाग द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार वर्तमान में जिले में पेट्रोल का लगभग 1421 किलोलीटर एवं डीजल का लगभग 1678 किलोलीटर स्टॉक उपलब्ध है, जो सामान्य आवश्यकता की तुलना में पर्याप्त है। जिले में कुल 189 पेट्रोल-डीजल पंप संचालित हैं, जहां ऑयल कंपनियों द्वारा नियमित रूप से आपूर्ति की जा रही है।
विज्ञप्ति में बताया गया कि जिले में पेट्रोल की दैनिक औसत आवश्यकता लगभग 293 किलोलीटर तथा डीजल की आवश्यकता लगभग 374 किलोलीटर है। वर्तमान उपलब्धता के अनुसार जिले में पांच दिनों से अधिक की जरूरत के अनुरूप स्टॉक मौजूद है। कलेक्टर दुर्ग अभिजीत सिंह के निर्देशानुसार जिला प्रशासन द्वारा पेट्रोल पंपों की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है तथा तेल कंपनियों के अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर आपूर्ति व्यवस्था बनाए रखी गई है। साथ ही पेट्रोल पंप संचालकों को उपभोक्ताओं को निर्बाध ईंधन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि जमाखोरी, कालाबाजारी अथवा कृत्रिम कमी उत्पन्न करने वाले व्यक्तियों एवं संस्थानों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। खाद्य विभाग के अनुसार 14 मई 2026 को फैली अफवाहों एवं घबराहट के कारण उपभोक्ताओं द्वारा सामान्य खपत की तुलना में लगभग दोगुना पेट्रोल-डीजल खरीदा गया, जिससे कुछ पेट्रोल पंपों पर अस्थायी रूप से ईंधन समाप्त होने की स्थिति बनी। हालांकि ऑयल कंपनियों द्वारा त्वरित आपूर्ति कर हालात को सामान्य किया जा रहा है। जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें, अनावश्यक ईंधन का भंडारण न करें तथा आवश्यकता अनुसार ही पेट्रोल-डीजल खरीदकर व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें।