
जामगांव (आर)। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय द्वारा आयोजित “नशा मुक्त भारत सप्ताह 2026” के तहत शहीद डोमेश्वर साहू शासकीय महाविद्यालय, जामगांव (आर) में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के तत्वावधान में नशा मुक्ति जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. शिखा अग्रवाल ने की। कार्यक्रम में गायत्री परिवार उतई के संयोजक युवराज साहू एवं डॉ. तिलक साहू ने विद्यार्थियों को तंबाकू, मद्यपान, नशीले पदार्थों तथा अन्य दुर्व्यसनों से दूर रहने का संदेश दिया। उन्होंने नशे के दुष्परिणामों की जानकारी देते हुए विद्यार्थियों को नशामुक्त जीवन जीने की सामूहिक शपथ दिलाई।
मुख्य अतिथि युवराज साहू ने लयबद्ध गीतों और प्रेरक संदेशों के माध्यम से विद्यार्थियों को नशे के खिलाफ जनजागरण का संदेश दिया। उन्होंने गायत्री मंत्र का सामूहिक उच्चारण कराते हुए सकारात्मक सोच, संस्कारित जीवनशैली और पर्यावरण संरक्षण का महत्व बताया। साथ ही “एक पेड़ लगाओ और उसे बचाओ” का आह्वान करते हुए शाकाहार और प्रकृति संरक्षण पर भी प्रकाश डाला। प्राचार्य डॉ. शिखा अग्रवाल ने कहा कि युवा वर्ग राष्ट्र निर्माण की आधारशिला है और उन्हें हर प्रकार के व्यसन से दूर रहकर अपने व्यक्तित्व का विकास करना चाहिए। वहीं क्रीड़ा प्रभारी डॉ. नरेशधर दीवान ने विद्यार्थियों को खेल एवं योग को जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने की सलाह दी। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की पूर्व संध्या पर विद्यार्थियों को योग के महत्व से भी अवगत कराया गया।
कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रीय सेवा योजना के सक्रिय स्वयंसेवकों को “नशा मुक्त मित्र” के रूप में चयनित कर उनकी जिम्मेदारियों से परिचित कराया गया। एनएसएस प्रभारी श्रीमती चेतना सोनी ने नशा मुक्ति केंद्रों, परामर्श सेवाओं और पुनर्वास सुविधाओं की जानकारी देते हुए विद्यार्थियों से समाज में जागरूकता फैलाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में डॉ. रजनीश तिवारी, डॉ. आबिद हसन खान, आर.डी. भूआर्य, कौशल बघेल, तामेश्वरी साहू, राजेन्द्र कुमार, लोमन, रानी तथा कमलेश विश्वकर्मा सहित महाविद्यालय परिवार की उपस्थिति रही। कार्यक्रम के सफल आयोजन में एनएसएस स्वयंसेवकों ने सक्रिय भूमिका निभाई। अंत में सभी विद्यार्थियों ने नशामुक्त भारत के निर्माण में सक्रिय योगदान देने का संकल्प लिया।