दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के बोरई स्थित जवाहर नवोदय विद्यालय में मोबाइल रखने के आरोप में 9 छात्रों की बेरहमी से पिटाई का मामला सामने आया है। घटना पुलगांव थाना क्षेत्र की है। पुलिस ने दो शिक्षकों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) ने दोनों को निलंबित कर दिया है।
क्या है मामला?
स्कूल में 8वीं से 12वीं तक के छात्र अध्ययनरत हैं और यह आवासीय विद्यालय है। नियमों के अनुसार परिसर में मोबाइल लाने की अनुमति नहीं है। आरोप है कि 10वीं और 12वीं के कुछ छात्र छिपाकर मोबाइल का उपयोग कर रहे थे। छात्रों के अनुसार, 21 फरवरी की सुबह 10:30 बजे से दोपहर 1:30 बजे के बीच उन्हें पहले प्रिंसिपल ऑफिस में मोबाइल जमा कराने को कहा गया। इसके बाद वाइस प्रिंसिपल के केबिन में बुलाकर लकड़ी के डंडे, लात, हाथ-मुक्कों से मारपीट की गई। पीड़ित छात्रों ने 22 फरवरी को अपने परिजनों को फोन कर घटना की जानकारी दी। 24 फरवरी को 9 छात्र अपने माता-पिता के साथ पुलगांव थाने पहुंचे और शिक्षक पीयूष कुमार (41) तथा पीटी शिक्षक रविशंकर मंडलोई (54) के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।
गंभीर चोटों के आरोप
परिजनों ने शिकायत में बताया कि मारपीट के दौरान एक छात्र की आंखें लाल हो गईं, दूसरे छात्र के कान से खून निकला। एक अन्य छात्र ने आरोप लगाया कि उसे प्राइवेट पार्ट पर लात मारी गई, जिससे सूजन और तेज दर्द की शिकायत है। छात्रों के पिता डोमन देशलहरा ने पुलिस को बताया कि बेटे ने कॉल कर कहा था कि वाइस प्रिंसिपल के कमरे में बेरहमी से पिटाई की गई। बताया जा रहा है कि पूरी घटना स्कूल परिसर में लगे CCTV कैमरों में कैद हो गई है। हालांकि, फुटेज सार्वजनिक नहीं किया गया है।
पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई
शिकायत पहले नगपुरा पुलिस चौकी में की गई थी। जांच के बाद पुलगांव थाने में मामला दर्ज कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। स्कूल प्रबंधन ने भी कार्रवाई करते हुए दोनों शिक्षकों को सस्पेंड कर दिया है। पुलिस का कहना है कि परिजनों की रिपोर्ट के आधार पर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। वहीं, अभिभावकों ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की मांग की है।