
नेता प्रतिपक्ष ने स्मार्ट मीटर की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल, दावा—बंद घरों में भी बढ़ रही मीटर रीडिंग; कई उपभोक्ताओं के बिल दो से चार गुना बढ़ने की शिकायत
रायपुर, 8 सितंबर 2026। छत्तीसगढ़ में स्मार्ट मीटर को लेकर सियासत तेज हो गई है। नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने स्मार्ट मीटरों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को पत्र लिखा है। उन्होंने स्मार्ट मीटर के नाम पर कथित फर्जीवाड़े की आशंका जताते हुए पूरे मामले की जांच कराने की मांग की है। डॉ. महंत ने पत्र में दावा किया है कि कई उपभोक्ताओं की ओर से ऐसी शिकायतें सामने आई हैं, जिनमें घर के सभी बिजली उपकरण बंद होने के बावजूद स्मार्ट मीटर में यूनिट की खपत बढ़ती दिखाई दे रही है। उनका कहना है कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद कुछ उपभोक्ताओं के बिजली बिल पहले की तुलना में दो से चार गुना तक बढ़ने की शिकायत सामने आई है।
बंद घर में भी बढ़ रही रीडिंग पर सवाल
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि यदि किसी बंद घर में बिजली के उपकरणों का उपयोग नहीं हो रहा है, इसके बावजूद स्मार्ट मीटर की रीडिंग लगातार बढ़ती है, तो इसे केवल सामान्य तकनीकी खामी मानकर नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने स्मार्ट मीटर के सॉफ्टवेयर प्रोग्रामिंग में सुनियोजित गड़बड़ी की आशंका भी व्यक्त की है।
मुख्यमंत्री से जांच और पारदर्शिता की मांग
डॉ. महंत ने मुख्यमंत्री से स्मार्ट मीटरों की कार्यप्रणाली तथा बढ़े हुए बिजली बिलों की शिकायतों की जांच कराने की मांग की है। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के साथ उपभोक्ताओं के हित में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की आवश्यकता बताई है।
फिलहाल स्मार्ट मीटर को लेकर लगाए गए आरोपों पर सरकार और संबंधित विभाग की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। मामले में जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि उपभोक्ताओं की शिकायतों के पीछे तकनीकी कारण हैं या किसी अन्य प्रकार की गड़बड़ी।