बालोद। चैत्र नवरात्र के पहले दिन बालोद जिले के झलमला स्थित गंगा मैया मंदिर झलमला में आस्था का अनूठा दृश्य देखने को मिला। गुरुवार दोपहर 12 से 1 बजे के बीच श्रद्धालुओं ने घी और तेल के कुल 1301 ज्योति कलश प्रज्ज्वलित किए, जो पिछले 49 वर्षों में पहली बार दर्ज हुआ है। मंदिर प्रबंधन के अनुसार, वर्ष 1977 से अब तक यहां ज्योति कलश की संख्या न्यूनतम 4 से लेकर अधिकतम 1271 (सितंबर 2025) तक रही थी, लेकिन इस बार श्रद्धालुओं की बढ़ती आस्था ने नया कीर्तिमान स्थापित कर दिया। नवरात्र के पावन अवसर पर मंदिर परिसर में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ रही है। श्रद्धालु दूर-दूर से माता के दर्शन और ज्योति प्रज्ज्वलन के लिए पहुंच रहे हैं। मंदिर परिसर को आकर्षक रूप से सजाया गया है, जिससे धार्मिक वातावरण और भी भव्य हो गया है। इस दौरान मंदिर परिसर में स्थापित पशुपतिनाथ मंदिर, कैलाश गुफा और फव्वारा श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। भक्त यहां दर्शन के साथ-साथ इन स्थलों का भी आनंद ले रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि हर साल नवरात्र में यहां आस्था का उत्साह बढ़ता जा रहा है, लेकिन इस बार ज्योति कलश की रिकॉर्ड संख्या ने आयोजन को ऐतिहासिक बना दिया है। प्रशासन और मंदिर समिति द्वारा श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष व्यवस्था भी की गई है। चैत्र नवरात्र के इस शुभ अवसर पर गंगा मैया मंदिर में उमड़ी श्रद्धा ने क्षेत्र को भक्तिमय माहौल से सराबोर कर दिया है।