रायपुर। छत्तीसगढ़ में बिजली दरों में बढ़ोतरी और बिजली बिल हाफ योजना में कटौती को लेकर कांग्रेस अब सड़कों पर उतरने जा रही है। पार्टी ने तीन से चार दिनों तक चलने वाले बड़े आंदोलन का पूरा प्लान तैयार कर लिया है। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ता न सिर्फ मोमबत्ती, चिमनी, कैंडिल और मशाल लेकर प्रदर्शन करेंगे बल्कि बैंकों के सामने जाकर बिजली बिल भरने के लिए लोन का आवेदन भी देंगे।
◆ बिल दोगुना होने से जनता परेशान
कांग्रेस का आरोप है कि सरकार द्वारा स्मार्ट मीटर लगाने और हाफ बिजली योजना सीमित करने के बाद इस माह उपभोक्ताओं को दोगुने से ज्यादा बिजली बिल मिले हैं। लोग बिजली दफ्तरों के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन उनकी शिकायतें नहीं सुनी जा रहीं। पार्टी का कहना है कि वह इस मुद्दे पर आम जनता की आवाज बनकर आंदोलन करेगी।
◆ 400 यूनिट से घटाकर 100 यूनिट
राज्य सरकार की पहले की योजना में 400 यूनिट तक बिजली बिल माफ था। अब यह सीमा घटाकर 100 यूनिट कर दी गई है। इसके कारण लाखों उपभोक्ताओं के बिल अचानक कई गुना बढ़ गए हैं।
◆ 22.5 लाख परिवारों पर असर
जानकारी के मुताबिक, करीब 22.5 लाख मध्यम वर्गीय परिवारों को हाफ बिजली योजना का लाभ मिल रहा था। पहले जिनका बिल 750 से 1100 रुपए आता था, अब उन्हें 1700 से 2400 रुपए तक भुगतान करना पड़ रहा है। वहीं, 1200 से 1500 रुपए बिल देने वाले परिवारों का खर्च अब 3000 से 4000 रुपए तक पहुंच गया है।
◆ कांग्रेस के आंदोलन की खास बातें
- राजधानी रायपुर सहित सभी जिलों और ब्लॉकों में विरोध प्रदर्शन।
- मोमबत्ती, चिमनी और मशाल जलाकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी।
- उपभोक्ता बैंकों में जाकर बिजली बिल भरने के लिए लोन का आवेदन करेंगे।
- आंदोलन तीन से चार दिनों तक चरणबद्ध तरीके से चलेगा।