रायपुर । छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने रविवार को ईडी की रिमांड पर चल रहे बेटे चैतन्य बघेल से मुलाकात की। रायपुर स्थित ईडी कार्यालय पहुंचकर भूपेश बघेल ने बेटे से हालचाल जाना और बाहर निकलते ही केंद्र सरकार और ईडी पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने ईडी की जांच प्रक्रिया और बढ़ती रकम को “हनुमान जी की पूंछ” जैसा करार देते हुए कहा कि यह कार्रवाई सिर्फ बदनाम करने के लिए की जा रही है।
“आज दादाजी जीवित होते तो बहुत खुश होते” – भूपेश बघेल
बेटे चैतन्य से मुलाकात के दौरान भावुक हुए भूपेश बघेल ने कहा, “अगर तुम्हारे दादाजी जीवित होते तो बहुत गर्व होता। उन्होंने हमेशा अन्याय के खिलाफ लड़ाई लड़ी और हम भी उसी परंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं।”
“अंग्रेजों से नहीं डरे, तो अडानी से क्यों डरेंगे?”
मीडिया से बातचीत में भूपेश बघेल ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा, “कांग्रेस वह पार्टी है जो अंग्रेजों से नहीं डरी थी, फिर अडानी से क्यों डरे? आज देश की हर चीज अडानी को सौंपने का काम किया जा रहा है, हम इसका विरोध करते रहेंगे।”
ईडी की जांच पर उठाए सवाल – “रकम ऐसे बढ़ा रहे जैसे हनुमान जी की पूंछ”
भूपेश बघेल ने ईडी पर निशाना साधते हुए कहा, “पहले 2100 करोड़ की बात की, फिर ईओडब्ल्यू ने 3200 करोड़ का दावा किया, अब 4000 करोड़ बताया जा रहा है। यह रकम ऐसे बढ़ रही है जैसे हनुमान जी की पूंछ बढ़ती जा रही हो।” उन्होंने दावा किया कि उनके बेटे ने जो लोन लिया है, उसका आयकर विवरण भी प्रस्तुत किया गया है।
22 जुलाई को कांग्रेस करेगी आर्थिक नाकेबंदी
ईडी की कार्रवाई के खिलाफ कांग्रेस पार्टी 22 जुलाई को प्रदेशव्यापी आर्थिक नाकेबंदी करने जा रही है। इस विरोध प्रदर्शन में कांग्रेस के केंद्रीय नेताओं का भी समर्थन प्राप्त है। भूपेश बघेल ने बताया कि राहुल गांधी का फोन आया और प्रियंका गांधी ने इस विषय पर ट्वीट कर चिंता जताई है।