नई दिल्ली, 5 अप्रैल 2026। अहमदाबाद विमान हादसे के करीब 10 महीने बाद पीड़ित परिवारों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर हादसे की सच्चाई सामने लाने की मांग की है। करीब 30 परिवारों ने स्पष्ट कहा है कि उन्हें मुआवजा नहीं, बल्कि दुर्घटना की वास्तविक वजह जाननी है। यह हादसा 12 जून 2025 को हुआ था, जब Air India की Boeing 787-8 फ्लाइट अहमदाबाद से लंदन के लिए उड़ान भरने के तुरंत बाद क्रैश हो गई थी। विमान एक मेडिकल कॉलेज हॉस्टल पर गिरा, जिसमें 241 यात्रियों और 19 अन्य लोगों सहित कुल 260 लोगों की जान चली गई थी। मृतकों में 60 विदेशी नागरिक भी शामिल थे। पीड़ित परिवारों ने अपने पत्र में ब्लैक बॉक्स और कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर (CVR) का डेटा सार्वजनिक करने की मांग की है। उनका कहना है, “हमें पैसे नहीं चाहिए, हमें यह जानना है कि आखिर हादसा क्यों हुआ। क्या इसमें कोई तकनीकी खराबी थी?” परिवारों ने यह भी आग्रह किया कि यदि डेटा सार्वजनिक नहीं किया जा सकता, तो कम से कम इसे निजी तौर पर पीड़ितों के साथ साझा किया जाए।
परिजनों ने एयरलाइन पर सहायता में कमी के आरोप भी लगाए हैं। हादसे में अपनी मां को खोने वाली किंजल पटेल ने बताया कि एयरलाइन की वेबसाइट पर मृतकों के सामान की पहचान करना बेहद मुश्किल है। “25 हजार से ज्यादा सामान सूचीबद्ध हैं, लेकिन तस्वीरें स्पष्ट नहीं हैं, जिससे पहचान लगभग असंभव हो जाती है,” उन्होंने कहा। वहीं खेड़ा के रोमिन वोरा, जिन्होंने हादसे में अपने परिवार के तीन सदस्यों को खोया, ने डिजिटल प्रक्रियाओं को लेकर समस्याएं गिनाईं। उन्होंने कहा कि केवल ईमेल के जरिए संपर्क संभव है और जवाब आने में कई दिन लग जाते हैं, जिससे ग्रामीण परिवारों को काफी परेशानी हो रही है। परिवारों ने अपने पत्र की प्रतिलिपि Aircraft Accident Investigation Bureau (AAIB), Directorate General of Civil Aviation (DGCA) और गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल को भी भेजी है।
गौरतलब है कि AAIB ने जुलाई 2025 में प्रारंभिक जांच रिपोर्ट सौंपी थी, जबकि अंतिम रिपोर्ट जून 2026 तक आने की संभावना है। इस बीच 12 फरवरी को AAIB ने उन मीडिया रिपोर्ट्स को खारिज किया था, जिनमें पायलट को हादसे के लिए जिम्मेदार ठहराया गया था। ब्यूरो ने स्पष्ट किया कि जांच अभी जारी है और किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचा गया है। इस दर्दनाक हादसे के बाद परिजनों की एक ही मांग है—सच्चाई सामने आए, ताकि उन्हें अपने सवालों के जवाब मिल सकें।