जामगांव आर। ग्राम बासीन (बटरेल ) में पांच कुण्डीय गायत्री महायज्ञ के साथ शिव महापुराण कथा का धार्मिक एवं आध्यात्मिक आयोजन श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ संपन्न हुआ। कथा वाचक पंडित चेलादास वैष्णव (फेकारी वाले) ने अपनी टोली के साथ संगीतमय प्रवचन करते हुए शिव महिमा, शिव परिवार तथा मानव जीवन के कल्याण का गूढ़ संदेश दिया। शिव महापुराण कथा का समापन सोमवार को विधिवत रूप से किया गया। नारद देव साहू, जामगांव आर के माध्यम से प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह आयोजन बासीन महिला शक्ति समूह एवं समस्त ग्रामवासियों के सहयोग से संपन्न हुआ। प्रातःकालीन बेला में पांच कुण्डीय गायत्री महायज्ञ तथा संध्या बेला में शिव महापुराण कथा के माध्यम से त्याग, तपस्या, सद्ज्ञान, भक्ति और कर्म के महत्व को रेखांकित किया गया।समापन अवसर पर गीता माता, गायत्री माता, गौ माता एवं देव शक्तियों की सूक्ष्म उपस्थिति में पार्थिव शिवलिंग का अभिषेक-पूजन कर सभी ने संस्कारमय जीवन जीने का संकल्प लिया।
प्रवचन के दौरान पंडित वैष्णव ने कहा कि संगठित होकर कार्य करने से ही बुराइयों का दमन और अच्छाइयों की स्थापना संभव है। परिवार और समाज में सुव्यवस्था बनाए रखते हुए ही मानव जीवन का वास्तविक कल्याण संभव है। उन्होंने गीता और रामायण के घर-घर पाठ (स्वाध्याय) पर बल देते हुए कहा कि इससे बच्चों में संस्कारों का विकास होता है और श्रेष्ठ समाज का निर्माण होता है। उन्होंने गायत्री परिवार के संस्थापक पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि “मनुष्य में देवत्व का उदय और धरती पर स्वर्ग का अवतरण” ही इस प्रकार के आयोजनों का मूल उद्देश्य है।
आयोजन में ग्राम के हेमेंद्र सेंगर, सोमनाथ साहू, लोमेश चंद्राकर, सुरेंद्र चंद्राकर, मोतीराम साहू, अश्वनी पांडे, गजपाल साहू, विमल साहू, देवेंद्र साहू, नरेंद्र साहू, रेवाराम साहू, पवन यादव, राकेश कश्यप, देवकुमार साहू, मलेश कुमार साहू, बलराम साहू, चेतन साहू, सीताराम साहू, रामनाथ यादव, भारत पटेल, उमेश यादव सहित बड़ी संख्या में ग्रामवासी एवं मातृशक्तियों—भारती साहू, फूलबाई साहू, त्रिवेणी डहरे, केशरी कश्यप, माहेश्वरी साहू, रूखमणि चंद्राकर, द्रौपदी यादव, सुशीला साहू, संगीता साहू, फाल्गुनी साहू, अनुसुइया साहू, जयंती बंजारे सहित युवतियों ने सहभागिता निभाई।