
रायपुर, 21 अगस्त 2026। छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक समग्र शिक्षक फेडरेशन के प्रदेश संयोजक एवं TFI के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मनीष मिश्रा ने प्रदेश के शिक्षकों से आगामी आंदोलन में बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाने की अपील की है। उन्होंने प्रदेश पदाधिकारियों, जिला एवं ब्लॉक अध्यक्षों सहित शिक्षक साथियों से अपने-अपने क्षेत्रों में अधिक से अधिक शिक्षकों को आंदोलन से जोड़ने का आह्वान किया। मनीष मिश्रा ने कहा कि 22 अगस्त, 29 अगस्त और 9 सितंबर को प्रस्तावित आंदोलन शिक्षकों के अधिकार, सम्मान और नौकरी के भविष्य से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को लेकर हैं। उन्होंने कहा कि यह संघर्ष किसी एक व्यक्ति या संगठन तक सीमित नहीं है, बल्कि प्रदेश के सभी शिक्षकों से जुड़े विषयों को लेकर है।
स्कूल और गांव स्तर तक पहुंचाएं आंदोलन का संदेश
प्रदेश संयोजक ने संगठन के पदाधिकारियों से प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों तक आंदोलन की जानकारी पहुंचाने की अपील की। उन्होंने कहा कि संकुल, गांव और स्कूल स्तर तक शिक्षकों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए सभी पदाधिकारियों को सक्रिय भूमिका निभानी होगी। उन्होंने कहा कि आंदोलन को मजबूती देने के लिए प्रत्येक शिक्षक की सहभागिता जरूरी है। जितनी व्यापक भागीदारी होगी, उतनी ही मजबूती से शिक्षकों की आवाज शासन-प्रशासन तक पहुंचेगी।
एकजुटता के साथ मैदान में उतरने का आह्वान
मनीष मिश्रा ने शिक्षकों से कहा कि अब केवल चर्चा का समय नहीं, बल्कि अपने अधिकारों के लिए एकजुट होकर आगे आने का समय है। उन्होंने कहा कि शिक्षकों की एकता और संगठन की ताकत ही आंदोलन को प्रभावी और निर्णायक दिशा दे सकती है। उन्होंने प्रदेश से लेकर गांव स्तर तक संगठन के पदाधिकारियों एवं शिक्षक साथियों से आगामी तीनों आंदोलनों में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील की।
मनीष मिश्रा ने 22 अगस्त, 29 अगस्त और 9 सितंबर के आंदोलनों को ऐतिहासिक एवं सफल बनाने के लिए अधिक से अधिक शिक्षकों से जुड़ने का आह्वान करते हुए कहा कि प्रत्येक शिक्षक की भागीदारी संगठन को मजबूती प्रदान करेगी और संघर्ष को नई दिशा देगी। उन्होंने अपनी अपील का संदेश देते हुए कहा— “एकजुट शिक्षक, मजबूत संगठन और निर्णायक संघर्ष।”