पाटन। पाटन विकासखंड अंतर्गत शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय उरला (बी.एम.वाय) के छात्रों ने पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में उल्लेखनीय नवाचार कर राष्ट्रीय स्तर पर जिले व राज्य का नाम रोशन किया है। सेंटर फॉर एन्वायरमेंट एजुकेशन (सी.ई.ई.) द्वारा विप्रो फाउंडेशन के सहयोग से संचालित विप्रो अर्थियन पर्यावरण मित्र कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यालय के पांच छात्रों एवं एक मार्गदर्शक शिक्षिका को 31 जनवरी को बेंगलुरु में सम्मानित किया गया। मार्गदर्शक शिक्षिका श्रीमती ललित किशोरी साहू के निर्देशन में छात्रा कुमारी संध्या साहू, कुमारी भूमिका निषाद, एनिश पटेल, गिरेन्द्र साहू एवं चंदन विश्वकर्मा ने कचरा प्रबंधन एवं सस्टेनेबिलिटी विषय पर प्रभावशाली प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार की थी। यह रिपोर्ट सेंटर फॉर एन्वायरमेंट एजुकेशन, लखनऊ भेजी गई, जहाँ से राष्ट्रीय स्तर के मूल्यांकन हेतु बेंगलुरु चयनित की गई।
देशभर से प्राप्त लगभग 2000 प्रोजेक्ट्स में से राष्ट्रीय स्तर पर केवल 25 प्रोजेक्ट्स का चयन हुआ, जिसमें से एकमात्र शासकीय विद्यालय के रूप में उरला (बी.एम.वाय) स्कूल का चयन होना पूरे छत्तीसगढ़, दुर्ग जिले एवं पाटन विकासखंड के लिए गौरव की बात है। 28 से 31 जनवरी तक अजीम प्रेमजी विश्वविद्यालय, बेंगलुरु में आयोजित सम्मान समारोह में अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के सीईओ अनुराग बेहर एवं ई.सी.जी. के ग्लोबल हेड व विप्रो फाउंडेशन के मैनेजिंग ट्रस्टी पी.एस. नारायण की गरिमामयी उपस्थिति में छात्रों व शिक्षिका को प्रमाण पत्र, विद्यालय को ₹50,000 की प्रोत्साहन राशि, तथा शिक्षक एवं विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण किट प्रदान की गई।इस अवसर पर मार्गदर्शक शिक्षिका श्रीमती ललित किशोरी साहू ने कहा कि “नवाचार के साथ शिक्षा ही नव भारत की आवश्यकता है, और जब छात्र सामाजिक व पर्यावरणीय समस्याओं पर समाधान प्रस्तुत करते हैं, तभी शिक्षा सार्थक होती है।”
विशेष उपलब्धि:
विद्यालय की प्राचार्य श्रीमती मंजू शुक्ला एवं व्याख्याता श्रीमती ललित किशोरी साहू के कुशल मार्गदर्शन में यह उपलब्धि विद्यालय के लिए मील का पत्थर साबित हुई है। उल्लेखनीय है कि लगातार दो वर्षों से विद्यालय का चयन राष्ट्रीय स्तर पर हो रहा है, जो न केवल विद्यालय बल्कि पूरे राज्य के लिए बड़ी सफलता है। विद्यालय की इस उपलब्धि पर प्राचार्य, समस्त स्टाफ एवं शाला विकास समिति के सदस्यों ने छात्रों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।