
रायपुर। राजधानी रायपुर के विधानसभा क्षेत्र में मंगलवार सुबह हुए सड़क हादसे के बाद निजी स्कूल संचालकों ने छात्रों और आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई है। छत्तीसगढ़ प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन के अध्यक्ष राजीव गुप्ता ने रायपुर कलेक्टर को पत्र लिखकर विधानसभा ओवरब्रिज और आसपास के क्षेत्र में तत्काल यातायात सुधार और सुरक्षा व्यवस्था लागू करने की मांग की है। पत्र में एसोसिएशन ने ट्रैफिक पुलिसकर्मियों की स्थायी तैनाती, प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक सिग्नल लगाने, सड़क किनारे के अतिक्रमण हटाने तथा आवारा मवेशियों पर प्रभावी कार्रवाई करने की अपील की है। मंगलवार को हुए हादसे के बाद क्षेत्र में लोगों में आक्रोश देखा गया। स्थानीय नागरिकों ने दुर्घटनाग्रस्त बस को रोककर थाने का घेराव भी किया था और सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन से ठोस कदम उठाने की मांग की थी।
प्रतिदिन 15 हजार विद्यार्थियों की आवाजाही
एसोसिएशन अध्यक्ष राजीव गुप्ता ने बताया कि विधानसभा ओवरब्रिज और उसके आसपास 15 से अधिक स्कूल और कॉलेज संचालित हो रहे हैं। इन शिक्षण संस्थानों में पढ़ने वाले लगभग 15 हजार छात्र-छात्राएं प्रतिदिन इस मार्ग से गुजरते हैं। इतनी बड़ी संख्या में विद्यार्थियों की आवाजाही के बावजूद यहां न तो पर्याप्त ट्रैफिक व्यवस्था है और न ही स्थायी पुलिस निगरानी। उन्होंने कहा कि कई स्थानों पर ट्रैफिक सिग्नल नहीं होने से वाहनों की आवाजाही अव्यवस्थित रहती है, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका लगातार बनी रहती है।
अतिक्रमण और मवेशियों से बढ़ रही परेशानी
स्कूल संचालकों ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि सड़क किनारे अवैध ठेले, दुकानों का फैलाव, झुग्गी-झोपड़ियों का अतिक्रमण और आवारा मवेशियों की मौजूदगी से सड़कें संकरी हो गई हैं। इससे यातायात प्रभावित होता है और स्कूली बच्चों के लिए खतरा और बढ़ जाता है। एसोसिएशन का कहना है कि सुबह और दोपहर के समय स्कूल बसों, अभिभावकों के वाहनों और अन्य यातायात के दबाव के कारण विधानसभा ओवरब्रिज क्षेत्र में अक्सर जाम की स्थिति बन जाती है।
प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग
छत्तीसगढ़ प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन ने मांग की है कि विधानसभा ओवरब्रिज क्षेत्र में ट्रैफिक पुलिस की स्थायी पोस्टिंग की जाए, सभी प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक सिग्नल स्थापित किए जाएं, सड़क किनारे के अतिक्रमण तत्काल हटाए जाएं तथा आवारा मवेशियों को हटाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए। एसोसिएशन ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते आवश्यक सुरक्षा उपाय नहीं किए गए तो भविष्य में भी गंभीर और दर्दनाक हादसे हो सकते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए प्रशासन से शीघ्र और प्रभावी कार्रवाई की मांग की है।