जामगांव आर। जल जीवन मिशन के तहत बेल्हारी में निर्माणाधीन फिल्टर प्लांट में लापरवाही से हुई युवक की मौत के बाद सोमवार को हालात तनावपूर्ण हो गए। परिजनों और ग्रामीणों ने शव के साथ प्रदर्शन किया और तत्काल मुआवजे की मांग पर समाचार लिखे तक अड़े है । स्थिति बिगड़ते देख पाटन एसडीओपी अनूप लकड़ा मौके पर पहुंचे। उनके साथ जामगांव आर, रानीतराई और उतई थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ मौजूद रहे। एसडीओपी ने प्रदर्शनकारियों और प्रबंधन पक्ष के बीच बातचीत कर माहौल शांत करने का प्रयास किया। लेकिन प्रदर्शनकारी संतोषजनक मुआवजे की मांग पर अड़े रहे,रात 10 बजे तक चर्चा के बाद प्रबंधन और ग्रामीणों के मध्य सहमति नही बनी फिर प्रदर्शनकारी शव लेकर आंदोलन पर उतारू हो गए ।
मौके पर क्रांति सेना के प्रांत सचिव शशिभूषण चंद्राकर ने चेतावनी दी, “अगर पीड़ित परिवार को सम्मानजनक मुआवजा नहीं दिया गया और जिम्मेदारों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो छत्तीसगढ़ीया क्रांति सेना उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होगी। प्रशासन और कंपनी को इसका पूरा जवाब देना होगा।”ग्रामीणों ने भी साफ कहा कि जब तक उचित मुआवजा और कार्रवाई नहीं होती, वे प्रदर्शन जारी रखेंगे। देर शाम तक स्थिति संवेदनशील बनी रही और पुलिस बल मौके पर तैनात रहा।
इस दौरान जिला पंचायत प्रतिनिधि नारद साहू, मृतक के पिता भाव सिंह साहू, छत्तीसगढ़ीया क्रांति सेना के प्रदेश सचिव शशिभूषण चंद्राकर, कांग्रेस नेता भेष आठे, सरपंच अमित अग्रवाल, उपसरपंच मनीष चंद्राकर, मोखा सरपंच महेंद्र कुमार साहू सहित सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे। मोखा के ग्रामीणों और क्रांति सेना ने स्पष्ट चेतावनी दी कि जब तक मुआवजा और जिम्मेदारों पर कार्रवाई नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा। प्रशासन की समझाइश के बावजूद देर रात प्रदर्शन जारी है और स्थिति संवेदनशील बनी हुई है।