सुरपा सोसायटी धान तौल विवाद – किसानों से पहले भाजपा नेताओं में तौल की जंग में नेताओं की अंदरूनी राजनीति उजागर

जामगांव आर। पाटन ब्लॉक अंतर्गत सेवा सहकारी समिति सुरपा में धान खरीदी के दौरान अधिक वजन तौलने की शिकायत सामने आई है। किसानों का आरोप है कि तौल प्रक्रिया में अनियमितता बरती जा रही है, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। किसानों के अनुसार धान तौल के समय शासन द्वारा निर्धारित मापदंडों का पालन नहीं किया जा रहा है। किसानों ने बताया कि उनकी धान की बोरियों का वजन वास्तविक से अधिक दर्शाया जा रहा है। किसानों का कहना है कि प्रति बोरा 41.200 किलोग्राम या उससे अधिक धान तौला जा रहा था। मंगलवार को धान बेचने पहुंचे किसानों को जब इस अनियमितता की जानकारी मिली तो उन्होंने संबंधित अधिकारियों से मामले की जांच की मांग की।

सुरपा सोसायटी में धान खरीदी के दौरान अधिक वजन तौलने की शिकायत का मामला अब राजनीतिक अखाड़े में बदलती नजर आ रही है। मामला खास इसलिए भी बन गया है क्योंकि आरोप–प्रत्यारोप करने वाले दोनों चेहरे भारतीय जनता पार्टी से जुड़े हैं, जिससे पार्टी की अंदरूनी खींचतान खुलकर सामने आ रही है। मामले में प्रदेश भाजपा किसान मोर्चा के विशेष आमंत्रित सदस्य धनराज साहू ने खुलकर समिति प्रबंधन पर सवाल उठाते हुए कहा कि किसानों के साथ किसी भी प्रकार की ज्यादती बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने मांग की कि अब तक खरीदे गए धान की पुनः स्थल पर ही तौल कराई जाए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो।
वहीं समिति के प्राधिकृत अध्यक्ष व भाजपा नेता नारद साहू ने पलटवार करते हुए आरोपों को बेबुनियाद बताया। उन्होंने कहा कि समिति में शासन के मापदंडों के अनुसार ही धान तौल किया जा रहा है और कहीं-कहीं यदि वजन में अंतर दिख रहा है तो वह तौल मशीन के कैलिब्रेशन या तौलकों की मानवीय त्रुटि हो सकती है, जिसे तुरंत सुधारा जा रहा है। उनके अनुसार जानबूझकर किसी प्रकार की गड़बड़ी का आरोप लगाना समिति की छवि धूमिल करने का प्रयास है।

मामले में एक ही पार्टी के दो नेताओं के आमने-सामने आने से स्थानीय राजनीति गरमा गई है। राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि किसान हित का मुद्दा अब भाजपा के भीतर वर्चस्व और प्रभाव बढ़ाने की लड़ाई में बदलता दिख रहा है। जहां एक ओर किसान मोर्चा के नेता खुद को किसानों की आवाज बताकर आक्रामक रुख अपना रहे हैं, वहीं समिति प्रबंधन अपनी कार्यप्रणाली को सही ठहराने में जुटा है।
इस पूरे मामले पर एसडीएम पाटन लवकुश ध्रुव ने कहा कि शिकायत की जानकारी फोन पर मिली है और निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषी पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई होगी।

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