कांकेर। छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में धर्मांतरण को लेकर एक बार फिर विवाद गहराता नजर आ रहा है। धर्मांतरित व्यक्ति के शव को दफनाने को लेकर उपजे विवाद ने बुधवार को उग्र रूप ले लिया, जब दो पक्ष आमने-सामने आ गए। झूमाझटकी के दौरान कई ग्रामीणों एवं पुलिसकर्मियों के घायल होने की सूचना है। स्थिति को देखते हुए गांव में तनाव का माहौल बना हुआ है और भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
पूरा मामला आमाबेड़ा थाना क्षेत्र अंतर्गत बड़े तेवड़ा गांव का है। गांव के सरपंच रजमन सलाम के पिता चमराराम सलाम की रविवार को अस्पताल में उपचार के दौरान मृत्यु हो गई थी। इसके बाद सरपंच द्वारा अपने पिता का शव गांव में ही दफन कर दिया गया। इसकी जानकारी मिलते ही ग्रामीणों ने विरोध जताते हुए मौके पर पहुंचकर शव दफनाने पर आपत्ति दर्ज कराई। सूचना मिलने पर पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और दोनों पक्षों के बीच सहमति बनाने का प्रयास किया गया, लेकिन देर शाम तक कोई ठोस निर्णय नहीं हो सका, जिसके बाद ग्रामीण अपने घर लौट गए।
शव को कब्र से बाहर निकालने पर अड़े ग्रामीण
बुधवार को विवाद और अधिक बढ़ गया। ग्रामीण धर्मांतरित व्यक्ति के शव को कब्र से बाहर निकालने की मांग पर अड़ गए और इसे लेकर तनाव की स्थिति बन गई। इस दौरान शव निकालने की कोशिश भी की गई, लेकिन पुलिस की सतर्कता के चलते स्थिति बिगड़ने से पहले ही रोक दी गई। इसी बीच दोनों पक्षों के बीच झूमाझटकी हुई, जिसमें कुछ ग्रामीणों और पुलिसकर्मियों को चोटें आईं।
गांव में भारी पुलिस बल तैनात
बढ़ते तनाव को देखते हुए पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर डटे हुए हैं और गांव में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है। प्रशासन लगातार दोनों पक्षों से शांति बनाए रखने की अपील कर रहा है। उल्लेखनीय है कि कांकेर जिले में इससे पहले भी धर्मांतरण से जुड़े शव दफनाने को लेकर विवाद सामने आते रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि मामले का समाधान कानून और आपसी संवाद के माध्यम से किया जाएगा, ताकि गांव में शांति व्यवस्था बनी रहे।