पाटन। जनपद पंचायत पाटन के अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत पतोरा में गौण खनिज मद से निर्मित दुकानों की नीलामी राशि को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। वित्तीय पारदर्शिता पर सवाल खड़े होने के बाद अब पंचायत प्रतिनिधियों ने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग तेज कर दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, वर्ष 2024-25 में पंचायत द्वारा निर्मित दुकानों की नीलामी की गई थी, लेकिन नीलामी से प्राप्त राशि का स्पष्ट लेखा-जोखा सामने नहीं आ रहा है। सबसे गंभीर बात यह सामने आई है कि पंचायत सचिव द्वारा दी गई जानकारी और बैंक पासबुक में दर्ज राशि में अंतर पाया गया है, जिससे पूरे मामले में गड़बड़ी की आशंका बढ़ गई है।
इस मुद्दे को लेकर शुक्रवार को आयोजित ग्राम पंचायत बैठक में व्यापक चर्चा हुई। बैठक में उपस्थित सदस्यों ने सर्वसम्मति से नीलामी राशि की जांच कराने का प्रस्ताव पारित किया। इसके बाद पंचायत प्रतिनिधियों ने अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) पाटन लवकेश ध्रुव को आवेदन सौंपकर पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।
पंचायत प्रतिनिधियों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि पंचायत निधि के उपयोग में पारदर्शिता बनी रहे और जनता का विश्वास कायम रहे।
ज्ञापन सौंपने वालों में सरपंच भुनेश्वर साहू, उपसरपंच देवचरण कौशल सहित पंचायत के कई जनप्रतिनिधि और सदस्य शामिल रहे। अब इस मामले में प्रशासनिक कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।